UP Police में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 94 IPS अफसरों के कार्यक्षेत्र में बदलाव

2024 यूपी पुलिस के लिए काफी अहम होने वाला है। इस साल की शुरुआत से ही विभाग के अफसरों के कार्यक्षेत्र में बदलाव हो रहे हैं। इसी क्रम में एक बार फिर से बड़ी तादाद में आईपीएस अफसरों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया। इस लिस्ट में कई जिलों में तैनात पुलिस अफसरों के नाम शामिल है। इस तबादला लिस्ट के आने के बाद उत्तर प्रदेश के पुलिस महकमे में हलचल मच गई है। आगे आने वाला समय भी यूपी पुलिस के लिए बेहद अहम होने वाला है। क्योंकि एक तो यूपी पुलिस को नया मुखिया मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही कुछ ही समय में लोकसभा चुनाव भी होने वाले हैं। ऐसे में हाल फिलहाल में हो रहे ये तबादले हर किसी के लिए बेहद खास हैं।

इनका हुआ तबादला

अंकिता शर्मा को अपर पुलिस उपयुक्त पुलिस कमिश्नरेट वाराणसी भेजा गया

संतोष कुमार मीणा अपर पुलिस आयुक्त कानपुर बनाए गए

अभिजीत कुमार अपर पुलिस उपायुक्त प्रयागराज बनाए गए

श्रुति श्रीवास्तव अपर पुलिस उपायुक्त वाराणसी बनाई गई

पुनीत द्विवेदी अपर पुलिस अधीक्षक राज्यपाल उत्तर प्रदेश बनाई गए

शिव सिंह अपर पुलिस आयुक्त कानपुर बनाई गई

नीतू अपर पुलिस उपायुक्त पुलिस कमिश्नरेट वाराणसी बनाई गई

आकाश पटेल अपर पुलिस उपायुक्त पुलिस कमिश्नरेट वाराणसी

आनंद प्रकाश तिवारी पुलिस महानिरीक्षक भवन एवं कल्याण पुलिस मुख्यालय बनाए गए

धर्मेंद्र सिंह पुलिस महानिरीक्षक आरटीसी चुनार मिर्जापुर बनाए गए

एल आर कुमार पुलिस महानिरीक्षक कानून एवं व्यवस्था लखनऊ बनाए गए

अब्दुल हमीद पुलिस महानिरीक्षक एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स बनाए गए

संजीव गुप्ता अपर पुलिस महानिदेशक सचिव गृह उत्तर प्रदेश शासन बनाए गए

रमित शर्मा पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट प्रयागराज बनाए गए

आकाश कुलहरी पुलिस महानिरीक्षक संयुक्त पुलिस आयुक्त लखनऊ बनाए गए

सलभ माथुर पुलिस महानिरीक्षक अलीगढ़ परिक्षेत्र बनाए गए

रोहन पीकंय पुलिस उपमहानिरीक्षक तकनीकी सेवाएं बनाये गए

संजय सिंह पुलिस उपमहानिरीक्षक पीटीसी गोरखपुर बनाए गए

वैभव कृष्ण पुलिस उपमहानिरीक्षक वीआईपी सुरक्षा लखनऊ

प्रभाकर चौधरी पुलिस उपमहानिरीक्षक स्थापना मुख्यालय लखनऊ

संजीव त्यागी पुलिस उपमहानिरीक्षक अभी सूचना मुख्यालय लखनऊ

पूनम पुलिस उपमहानिरीक्षक पीएसी सेक्टर आगरा बनाई गई

सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज पुलिस उपमहानिरीक्षक उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नत बोर्ड

राठौर किरीट कुमार हरि भाई पुलिस उपमहानिरीक्षक पीएसी लखनऊ

शैलेश कुमार यादव पुलिस उपमहानिरीक्षक पीटीसी सीतापुर

सफीक अहमद पुलिस उपमहानिरीक्षक ईओडब्ल्यू लखनऊ

राधेश्याम पुलिस उपमहानिरीक्षक लॉजिस्टिक्स लखनऊ

सुरेश्वर पुलिस उपमहानिरीक्षक पीएसी मुख्यालय लखनऊ

रामजी सिंह यादव पुलिस उपमहानिरीक्षक प्रशिक्षण मुख्यालय लखनऊ

रामकिशन पुलिस उपमहानिरीक्षक सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ

राजकमल यादव पुलिस उपमहानिरीक्षक पीटीसी सीतापुर

राकेश पुष्कर पुलिस उपमहानिरीक्षक रेलवे लखनऊ

मनोज कुमार सोनकर उपमहानिरीक्षक ats लखनऊ

कुलदीप नारायण पुलिस उपमहानिरीक्षक एसटीएफ मेरठ

किरण यादव पुलिस उपमहानिरीक्षक महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन लखनऊ

सब रशीद खान पुलिस उपमहानिरीक्षक यूपी 112

अशोक कुमार चतुर्थ पुलिस उपमहानिरीक्षक सीबीसीआईडी लखनऊ

प्रदीप गुप्ता पुलिस उपमहानिरीक्षक दूरसंचार लखनऊ

अखिलेश कुमार निगम पुलिस उपमहानिरीक्षक सीबीसीआईडी लखनऊ

कुंतल किशोर पुलिस उपमहानिरीक्षक कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवाएं लखनऊ

मनीराम सिंह पुलिस उपमहानिरीक्षक मानवाधिकार लखनऊ

राजीव नारायण मिश्र पुलिस उपमहानिरीक्षक पीएसी कानपुर नगर

सुशील कुमार सिंह पुलिस उपमहानिरीक्षक यातायात मुख्यालय लखनऊ

हरिश्चंद्र अपर पुलिस आयुक्त कानपुर नगर

राहुल राज पुलिस उपमहानिरीक्षक पीएसी मेरठ

प्रमोद कुमार तिवारी पुलिस उपमहा निरीक्षक प्रशिक्षण मुख्यालय लखनऊ

कल्पना सक्सेना अपर पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद

अतुल शर्मा सेना नायक 35 वाहिनी पीएसी लखनऊ

आशीष श्रीवास्तव पुलिस उपायुक्त कानपुर नगर

गौरव बांसवाल पुलिस अधीक्षक प्रशिक्षण एवं सुरक्षा लखनऊ

पूजा यादव सेना नायक 24 वाहिनी पीएसी मुरादाबाद

अमित कुमार प्रथम पुलिस अधीक्षक ats लखनऊ

रईस अख्तर पुलिस अधीक्षक तकनीकी सेवाएं लखनऊ

रवीना त्यागी पुलिस उपायुक्त पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ

विक्रांत वीर सेनानायक 32 सी वाहिनी पीएसी लखनऊ

प्रमोद कुमार पुलिस उपायुक्त वाराणसी

Sm कासिम पुलिस अधीक्षक मुख्यालय पुलिस महानिदेशक

हृदेश कुमार पुलिस उपायुक्त वाराणसी

आनंद कुमार सेना नायक 26वीं वाहिनी पीएसी गोरखपुर

श्रवण कुमार सिंह पुलिस उपायुक्त कानपुर नगर

शिवाजी पुलिस उपायुक्त कमिश्नर रेट लखनऊ

प्रबल प्रताप सिंह पुलिस उपायुक्त पुलिस कमिश्नर रेट लखनऊ

शैलेंद्र कुमार राय पुलिस अधीक्षक कानून एवं व्यवस्था लखनऊ

डी प्रदीप कुमार सैन नायक 38वीं वाहिनी पीएसी

डॉ दुर्गेश कुमार सैन नायक 11वीं वाहिनी पीएसी सीतापुर

दी प्रदीप कुमार सेनानायक पीएसी सोनभद्र

राजधारी चौरसिया पुलिस अधीक्षक प्रशासन मुख्यालय लखनऊ

बबीता साहू सेनानायक 27वी वाहिनी पीएसी सीतापुर

कमला प्रसाद यादव पुलिस अधीक्षक पुलिस मुख्यालय लखनऊ

रमेश प्रसाद गुप्ता पुलिस अधीक्षक लॉजिस्टिक उत्तर प्रदेश लखनऊ

रामसेवक गौतम पुलिस उपायुक्त कानपुर नगर

सुरेंद्रनाथ तिवारी पुलिस अधीक्षक स्थापना मुख्यालय लखनऊ

मोहम्मद तारीख पुलिस अधीक्षक मानवाधिकार मुख्यालय महानिदेशक लखनऊ

पंकज कुमार पांडे सी नायक 34 सी वाहिनी पीएसी वाराणसी

अजीत कुमार सिंह सी नायक 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी

अजीत कुमार सिंह सेनानायक 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी

सुशील कुमार शुक्ला सेनानायक 20वीं वाहिनी पीएसी आजमगढ़

दयाराम सेनानायक दूसरी वाहिनी पीएसी सीतापुर

सर्वानंद यादव सी नायक 12वीं वाहिनी पीएसी फतेहपुर

कमलेश दीक्षित सेना नायक 37वीं वाहिनी पीएसी कानपुर

अरुण कुमार श्रीवास्तव सेनानायक 10वीं वाहिनी पीएसी बाराबंकी

कमलेश दीक्षित सी नायक 37वीं वाहिनी पीएसी कानपुर

सलमान ताज पाटील पुलिस उपायुक्त कमिश्नर रेट लखनऊ

विद्यासागर मिश्रा पुलिस उपायुक्त कमिश्नर रेट लखनऊ

तेज स्वरूप पुलिस उपायुक्त कमिश्नर रेट लखनऊ

डॉ महेंद्र पाल सिंह पुलिस उपायुक्त कमिश्नर रेट लखनऊ

श्याम नारायण सिंह पुलिस उपायुक्त कमिश्नर रेट वाराणसी

UP DGP विजय कुमार के कार्यकाल का अंतिम दिन आज, कल लेंगे फेयरवेल

यूपी के कार्यवाहक डीजीपी विजय कुमार का आखिरी दिन है। कल उनका रिटायरमेंट है। उनके रिटायरमेंट की वजह से एक बार फिर से लोग ये कयास लगाने लगे हैं, कि आखिर अब यूपी पुलिस की कमान किसके हाथों में सौंपी जाएगी। हालांकि एक खबर ये भी है कि हो सकता है कि आगामी चुनावों को देखते हुए उनके कार्यकाल का समय बढ़ाया जा सकता है, लेकिन अभी इस तरह की कोई खबर सामने नहीं आ रही है। ऐसे में हर कोई नए डीजीपी के नाम का इंतजार कर रहा है।

डीजीपी विजय कुमार हैं 1988 बैच के अधिकारी

जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के कार्यवाहक डीजीपी विजय कुमार 1988 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं।विजय कुमार की गिनती पुलिस महकमे में एक तेज तर्रार और ईमानदार अधिकारी के रूप में रही है। 31 मई 2023 को उन्हें डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था। उस समय वह डीजी सीबीसीआईडी के पद पर तैनात थे। 7 नवंबर 2023 को उन्हें डीजी सीबीसीआईडी के पद से हटाकर निदेशक विजिलेंस के पद पर नियुक्त किया गया।

उन्होंने अपने कार्यवाहक डीजीपी के पद की जिम्मेदारी को भी बखूबी निभाया है। उनके कार्यकाल की सबसे बड़ी सफलता राम मंदिर का उद्घाटन है। हाल ही में राम मंदिर के उद्घाटन के लिए भव्य कार्यक्रम आयोजित हुआ। जिसमें देशभर से हजारों वीवीआईपी लोग अयोध्या पहुंचे। सभी की सुरक्षा की जिम्मेदारी यूपी पुलिस ने बखूबी निभाई। इसके साथ ही वर्तमान समय में जब एक साथ लाखों लोग अयोध्या पहुंच रहे हैं, तब भी वहां सुरक्षा व्यवस्था बनी हुई है।

अनुभव की वजह से मिली थी जिम्मेदारी

अगर इनके कार्यकाल की बात करें तो आईपीएस विजय कुमार एसएसपी पीलीभीत, बांदा, मुजफ्फरनगर, गोरखपुर व लखनऊ के अलावा डीआईजी रेंज इलाहाबाद, मेरठ व आजमगढ़ के पद पर भी तैनात रहे हैं। आईजी जोन आगरा, कानपुर व गोरखपुर के तौर पर भी उन्हें फील्ड का अच्छा अनुभव है। वह एडीजी सुरक्षा, यातायात व पुलिस भर्ती व प्रोन्नति बोर्ड के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। उनके इसी अनुभव के चलते उन्हें यूपी पुलिस की कमान सौंपी गई थी।

कौशांबी: सिपाही को अंतिम विदाई देने पुलिस लाइन पहुंचे IG, परिवार को दी सांत्वना

हाल ही में यूपी के कौशांबी जिले में एक ऑन ड्यूटी सिपाही को चोरों ने अपनी गाड़ी से कुचल दिया। सिपाही को तत्काल ही अस्पताल में भर्ती कराया, जहां डॉक्टर उन्हें मृत घोषित कर दिया। आज सुबह सिपाही को अंतिम विदाई देने के लिए उनके पार्थिव शरीर को पुलिस लाइन लाया गया। जहां आईजी प्रयागराज परिक्षेत्र, प्रयागराज और एसपी समेत अफसरों और अन्य पुलिसकर्मियों ने अपने साथी को अंतिम विदाई दी। फिलहाल चोरों की तलाश के लिए पुलिस की टीम लगी है।

सिपाही को रौंद कर निकले बदमाश

जानकारी के मुताबिक, सराय अकिल थाना क्षेत्र के बजहां गांव के रहने वाले राहुल ने रविवार की रात करीब 2:00 बजे पुलिस को सूचना दी कि उसके घर का ताला तोड़कर तीन बकरा चोरी कर बदमाश भाग रहे हैं। ऐसे में सिपाही अवनीश दुबे ने बैरीकेडिंग लगाकर बदमाशों को रोकने की कोशिश की। सिपाही की कोशिश उस वक्त विफल हो गई, जब बदमाश उन्हें रोंदते हुए निकल गए।

टक्कर इतनी जोरदार थी कि, इस हादसे में सिपाही गंभीर रूप से जख्मी हो गया। उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गई। जैस ही सिपाही के निधन की खबर पुलिसकर्मियों को लगी, जिला विभाद में खलबली मच गई।

अफसरों ने दी अंतिम विदाई

पोस्टमॉर्टम के बाद सिपाही अवनीश दुबे के पार्थिव शरीर को पुलिस लाइन्स में आईजी प्रयागराज परिक्षेत्र, प्रयागराज व एसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव, एएसपी अशोक कुमार वर्मा सहित अन्य अधिकारियो तथा सिपाही के परिजनों द्वारा फूल माला से भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई। इसके साथ ही अधिकारियो द्वारा कंधा देकर अन्तिम विदाई दी गई एवं परिजनों को सांत्वना देकर हर सम्भव मदद का भरोसा दिलाया गया।

क्या एक बार फिर UP Police को मिलेगा कार्यवाहक DGP ? कयासों का दौर जारी

आगामी 31 जनवरी को यूपी के कार्यवाहक डीजीपी विजय कुमार रिटायर हो रहे हैं। ऐसे में एक बार फिर से लोगों के जहन में ये सवाल चलने लगा है कि इस बार यूपी पुलिस की कमान किसके हाथ में जाएगी। लोगों ने तो अपने -अपने हिसाब से कयास भी लगाना शुरू कर दिए हैं। बड़ी बात ये ही कि शायद इस बार भी यूपी को कार्यवाहक डीजीपी ही मिलेगा।

फिर मिलेगा कार्यवाहक मुखिया

सुत्रों से ये खबर सामने आ रही है कि, राज्य सरकार ने संघ लोक सेवा आयोग को पूर्णकालिक डीजीपी के चयन का प्रस्ताव नहीं भेजा है, जिसकी वजह से एक बार फिर कार्यवाहक डीजीपी बनाए जाने के आसार हैं। ऐसे में एक बार फिर से मुकुल गोयल के बाद आनंद कुमार सबसे वरिष्ठ होने की वजह से दावेदार माने जा रहे हैं। हालांकि वरिष्ठता सूची में 19वें स्थान पर आने वाले डीजी कानून-व्यवस्था प्रशांत कुमार का पलड़ा भारी माना जा रहा है।

इनका नाम भी रेस में

खबरों की मानें डीजीपी का पद आनंद कुमार को दिया जा सकता है क्योंकि आनंद कुमार इसी साल 30 अप्रैल को रिटायर हो रहे हैं। इसके साथ ही योगी सरकार में उन्होंने लंबे समय तक एडीजी एलओ का कार्यभार बेहतर ढंग से संभाला था। इसके साथ ही दूसरे नंबर पर 1989 बैच के पीवी रामा शास्त्री और तीसरे नंबर पर 1990 बैच के आईपीएस एसएन साबत हैं।

वर्तमान समय में आईपीएस रामा शास्त्री इस समय प्रतिनियुक्ति पर डीजीपी पीएसएफ हैं। वह एडीजी लॉ एंड ऑर्डर रह चुके हैं। वहीं एसएन साबत इस समय डीजी जेल के पद पर कार्यरत हैं। इनमे से भी शासन किसी एक आईपीएस का चयन डीजीपी के पद के लिए कर सकता है।

आज शादी के बंधन में बंधेंगे SP कुशीनगर, बेहद खास है इनकी शादी का कार्ड

शादियों का सीजन चल रहा है। ऐसे में हर जगह इसकी धूम दिखाई दे रही है। इसी क्रम में आज एसपी कुशीनगर धवल जायसवाल शादी के बंधन में बंधने वाले हैं। उनकी शादी का कार्यक्रम उनके गृह जनपद यानी कि सुल्तानपुर में आयोजित होगा। अपनी शादी में उन्होंने अपने सभी करीबियों को निमंत्रण भेजा है।।

बेहद खास है कार्ड

जानकारी के मुताबिक, एसपी कुशीनगर धवल जायसवाल की शादी आज दीक्षा के साथ होने जा रही है। इसकी तैयारी भी पूरी हो गई हैं। उनके इन निमंत्रण पत्र में सबसे खास उनकी शादी का कार्ड है। दरअसल, उनके कार्ड में भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर की तस्वीर बनी है। जिसको देखकर हर कोई उनके कार्ड की तारीफ कर रहा है।

कौन हैं एसपी धवल जायसवाल

मूल रूप से सुल्तानपुर (यूपी) के रहने वाले धवल जायसवाल 2016 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। इलाहाबाद विवि से ग्रेजुएट करने के बाद आपने दिल्ली स्थित जेएनयू से स्नातकोत्तर किया और दिल्ली विवि से एमफिल किया। इसके बाद सिविल सर्विस की तैयारी करते हुए दिल्ली विवि में असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप में अध्यापन कार्य किया। इस तरह कड़ी मेहनत और संघर्ष करते हुए 2016 में आईपीएस अफसर बनने के अपने सपने को साकार कर लिया। वो अपने काम के प्रति काफी ईमानदार और कर्मठ रहते हैं।

बाराबंकी: पुलिसकर्मी के 5 साल के बेटे पर कुत्तों ने किया हमला, गंभीर हालत में बच्चा ट्रॉमा सेंटर में भर्ती

हाल ही में पूरे देश में बड़ी ही धूमधाम से गणतंत्र दिवस मनाया गया। इस क्रम में हर थाने और पुलिस लाइन में भी झंडा फहराया गया। जहां एक तरफ हर कोई खुश था, वहीं दूसरी तरफ बाराबंकी जिले की पुलिस लाइन में एक पुलिसकर्मी के दो साल के बच्चे को पांच खुंखार कुत्ते घसीटकर ले गए। शोर की वजह से बच्चे की आवाज किसी को सुनाई नहीं दी। काफी समय के बाद जब मासूम की चीख-पुकार उसके पिता और अन्य पुलिसकर्मियों ने सुनी, तब जाकर किसी तरह कुत्तों को भगाया गया। बच्चे को सीरियस हालात में लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है।

कुत्तों ने किया हमला

जानकारी के मुताबिक, 26 जनवरी के दिन हेड कांस्टेबल गौरव तिवारी अपने दो साल के बेटे अथर्व को गणतंत्र दिवस समारोह दिखाने के लिए आए थे। हेड कांस्टेबल गौरव तिवारी एएनटीएफ थानाक्षेत्र के पुलिस लाइन में परिवार के साथ रहते हैं। समारोह के समय वो अपने बच्चे के साथ थाने पहुंचे और अंदर किसी काम से चले गए। खेलते-खेलते अथर्व थाने से बाहर आ गया और इसी दौरान उस पर कुत्तों ने हमला कर दिया। कुत्ते बच्चे को घसीटते हुए झाड़ियों की तरफ ले गए।

लखनऊ के लिए किया गया रेफर

बहुत समय तक जह हेड कांस्टेबल ने अपने बेटे को नहीं देखा तो सभी ने उसकी तलाश शुरू की। तलाशी के वक्त जब वो झाड़ियों की तरफ गए तो वहां उन्हें अपने बेटे की चीख सुनाई दी। गौरव जैसे ही पुलिसकर्मियों के साथ झाड़ियों की तरफ पहुंचे तो उन्होंने देखा कि कुत्ते उनके बेटे को बुरी तरह से नोंच रहे थे। काफी मुश्किलों के बाद उन्होंने अथर्व को कुत्तों से छुड़ाया। सभी तत्काल ही बच्चे को लेकर अस्पताल की तरफ भागे, जहां से बच्चे को ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया।

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उत्तर प्रदेश ने जाबांज अफसरों की कमी नहीं हैं। ऐसे में आज गणतंत्र दिवस के दिन उन्हीं जाबांज अफसरों को सम्मानित किया जा रहा है, जिन्होंने अपने क्षेत्र में शानदार काम किया है। इस लिस्ट में आईजी दीपक कुमार का नाम शामिल हैं। आईजी दीपक कुमार को मेरिटोरियस सर्विस मेडल (MSM ) से आज सम्मानित किया जा रहा है। आईपीएस दीपक कुमार यूपी पुलिस के ऐसे बहादुर अधिकारी हैं, जो अब तक 56 से भी ज्यादा बदमाशों को ढेर कर चुके हैं। दीपक काफी सख़्त पुलिस ऑफिसर माने जाते हैं। वे वर्तमान में आगरा रेंज के आईजी हैं।

कौन हैं दीपक कुमार

जानकारी के मुताबिक, बिहार के बेगूसराय में दीपक कुमार का जन्म हुआ। किसान परिवार में जन्में दीपक की पढाई-लिखाई भी बेगूसराय में ही हुई। गांव के हिंदी मीडियम स्कूल से पढ़ाई करने के बाद वो ग्रेजुएशन के लिए बनारस चले गए। दिल्ली यूनिवर्सिटी में पढ़ाई के दौरान वो पत्रकार बनना चाहते थे, लेकिन उनकी रुचि सिविल सर्विस की तरफ हुई तो उन्होंने यूपीएससी की परीक्षा पास की। दीपक 2005 बैच के IPS अधिकारी है। भले ही एक समय वो पत्रकार बनना चाहते हो, लेकिन आज के समय में उनका नाम प्रदेश के सबसे ईमानदार, जाबांज, और कर्मठ अफसरों में लिया जाता है। अगर इनके करियर की बात करें तो दीपक कुमार सबसे पहले 2003 में दिल्ली कैडर में सिलेक्ट हुए थे। उनको दिल्ली पुलिस में एसीपी बनाया गया था, लेकिन बाद में उन्होंने ने सिविल सर्विस का एग्जाम दिया और 2005 में IPS में सेलेक्ट हुए। साल 2007 में उन्हें गाजियाबाद का एएसपी बनाया गया जहां उनकी एक अलग पहचान बनी। काम के समय बेहद सख्त दिखने वाले दीपक कुमार, काफी नरम मिजाज के अफसर हैं। लोगों की समस्या का निस्तारण उनकी प्राथमिकताओं में शुमार है।

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लखनऊ में किया शानदार काम

इनके कार्यकाल की बात करें तो दीपक कुमार गाजियाबाद के अलावा अयोध्या, अलीगढ़ कई जिलों में पोस्टेड रहे। साल 2017 में योगी सरकार बनते ही उन्हें राजधानी लखनऊ में पोस्टिंग मिली तो वो वहां अपने कामों को लेकर काफी मशहूर हुए। मुहर्रम के जुलूस को लेकर लखनऊ में हर साल हिंसा की खबरें आती थी, लेकिन दीपक कुमार ने अपनी समझदारी से मुहर्रम के जुलूस का रूट बदल दिया जिससे तनाव काफी कम हो गया। इस वजह से पूरे प्रदेश ने उनकी काफी तारीफ हुई थी। उन्हें डीजीपी के प्रशंसा चिन्ह से भी सम्मानित किया गया था।

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बदमाशों को भी किया ढेर

उन्होंने अपने कार्यकाल में 50 से ज्यादा बदमाशों को ढेर किया है। एक समय जब राज्य में बांग्लादेशी गिरोह तेजी से फैल रहा था, उस वक्त दीपक कुमार इस गिरोह की पूरी तरह से जड़ें खोद डाली। इसके अलावा राजस्थान के बावरिया गैंग का भी उत्तर प्रदेश से उन्होंने पूरी तरह से खात्मा किया। फिलहाल वो आईजी पद पर तैनात हैं। इसी साल जनवरी वह डीआईजी से प्रमोट करके आईजी बने। वर्तमान समय में वो आगरा रेंज के आईजी पद पर तैनात हैं।

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DG स्पेशल IPS प्रशांत कुमार को चौथी बार मिला गैलेंट्री अवॉर्ड

यूपी के डीजी स्पेशल आईपीएस प्रशांत कुमार ने अपने स्तर पर पुलिस विभाग को बेहद अच्छी तरह से संभाल रखा है। चाहे बात बदमाशों को उनकी सही जगह दिखाने की हो, या फिर पुलिसकर्मियों की परेशानियों को दूर करने की, आईपीएस प्रशांत कुमार हर काम में एकदम परफेक्ट हैं। यही वजह है कि उन्हें एक बार फिर से गैलेंट्री अवॉर्ड से सम्मानित किया जा रहा है। उनका काम हमेशा ही ऐसा होता है, कि कोई उसपर उंगली ना उठा पाए। आइए आपको भी डीजी स्पेशल आईपीएस प्रशांत कुमार के बारे में बताते हैं।

तीन बार पहले भी मिल चुका है गैलेंट्री अवॉर्ड

जानकारी के मुताबिक, 26 जनवरी को हमारा संविधान लागू हुआ था, इसलिए हर साल इस तारीख को देश का गणतंत्र दिवस मनाया जाता है। भारत में इस साल 75वां गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा। इस दिन पुलिस अफसरों को सम्मानित भी किया जाता है। ऐसे में इस साल एक बार फिर से DG स्पेशल IPS प्रशांत कुमार को गैलेंट्री अवॉर्ड से सम्मानित किया जाएगा। ये उनका चौथा गैलेंट्री अवॉर्ड होगा। इससे पहले उन्हें 2020, 2021 और 2022 में भी इस अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था।

आपको बता दें कि 2022 में उन्हें ये यह सम्मान 2020 में मेरठ में हुई एक मुठभेड़ के लिए दिया गया है। तब उन्होंने एक लाख रुपये के इनामी अपराधी शिव शक्ति नायडू को पुलिस एनकाउंटर में मार गिराया था। इससे पहले 2020 और 2021 में उन्हें राष्ट्रपति की ओर से वीरता का पुलिस पदक दिया जा चुका है।

कौन हैं आईपीएस प्रशांत कुमार

प्रशांत कुमार 1990 बैच के अधिकारी हैं। उनका जन्म बिहार के सीवान में हुआ था। आईपीएस अफसर बनने से पहले प्रशांत कुमार ने एमएससी, एमफिल और एमबीए भी किया था। वर्तमान समय में एडीजी प्रशांत कुमार प्रदेश कानून व्यवस्था की कमान संभाल रहे हैं। आईपीएस प्रशांत कुमार को कई बार राष्ट्रपति पदक और प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया जा चुका है। प्रदेश के कई जिलों और जोन की कमान संभाल चुके प्रशांत कुमार ने अपराध पर नकेल कसने में काफी सफलता हासिल की है। वर्तमान समय में वो यूपी पुलिस में लॉ एंड ऑर्डर की कमान भी संभाल रहे हैं। उन्हें हाल ही में प्रमोशन देकर डीजी बनाया गया है।

DG प्रशांत कुमार ने रामलला के दर्शन करने आ रहे लोगों से की ये खास अपील

राम मंदिर के भव्य उद्घाटन के बाद से भारी तादाद में लोग रामलला के दर्शन को अयोध्या पहुंच रहे हैं। इस दौरान कोई हालात ना बिगड़े, इसके लिए खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी पल-पल की अपडेट ले रहे हैं। राज्य के सभी बड़े अफसर इस वक्त अयोध्या में ही मौजूद हैं। इसके बावजूद भीड़ को संभालने के लिए लगातार कुछ ना कुछ कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में अब एडीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने लोगों से खास अपील की है।

8000 से ज्यादा पुलिस मंदिर में तैनात

जानकारी के मुताबिक, लगातार बढ़ती भीड़ को देखते हुए डीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने बताया कि हमने यह सुनिश्चित किया कि यहां बेहतर भीड़ नियंत्रण और यातायात प्रबंधन किया जाए। हमें शासन का निर्देश था कि भक्तों को किसी भी तरह कोई असुविधा न हो। जो भी प्रबंध रात भर में अंतर्विभागीय समन्वय से हमने किया था उसके अच्छे और सुखद परिणाम देखने को मिल रहे हैं।

आज मंदिर और उसके आसपास लगभग 8000 पुलिस कर्मी मौजूद हैं। इसके साथ ही जल्द ही सीआरपीएफ, एसएसएफ और अन्य पुलिस अधिकारी मंदिर के अंदर तैनात किए जाएंगे, ताकि किसी तरह की कोई असुविधा लोगों को ना होने पाए।

भक्तों से की अपील

आगे यूपी डीजी लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने कहा कि हमने भीड़ नियंत्रण उपायों में सुधार किया है, और यह सुनिश्चित करने के लिए श्रद्धालुओं की लाइनें बनवाई हैं। आज, भीड़ कल की तुलना में कम है और व्यवस्थाएं अच्छी हैं। हम भक्तों से धैर्य बनाए रखने की अपील करते हैं, क्योंकि अगर लोग धैर्य नहीं रखेंगे तो परेशानी बढ़ सकती है। इसलिए भक्तों को सुरक्षाकर्मियों का साथ देना चाहिए, तकि हालात काबू में रहे।