उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजी को ट्रेन में गंदा बेडरोल देने और टॉयलेट साफ नहीं रहने पर रेलवे ने अपने दो सेक्शन इंजीनियर को सस्पेंड कर दिया है. वहीं, सीनियर डीएमई, सेक्शन इंजीनियर सहित अन्य कर्मचारियों को डीआरएम विनय श्रीवास्तव ने तलब किया है. दरअसल, स्वतंत्रता सेनानी एक्सप्रेस (12562) के एसी फर्स्ट में उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी प्रकाश सिंह नई दिल्ली से जयनगर के लिए सफर कर रहे थे. सूत्रों के अनुसार, पूर्व पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को सफर के दौरान कर्मचारी ने गंदा बेडरोल दे दिया था. बदलने के लिए कहा तो कर्मचारी इनकार कर गायब हो गया. उसके बाद उसे और सफाईकर्मी को खोजा गया तो दोनों ही नहीं मिले.
डिपो के अधिकारियों की लापरवाही
उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी ने रेल मंत्रालय को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ के माध्यम से शिकायत दर्ज करा दी.शिकायत में पूर्व पुलिस अफसर ने लिखा, ”मैं स्वतंत्रता सेनानी में सफर कर रहा हूं. सुबह के 8 बजे है. कोच अटेंडेंट सो रहा है .शौचालय गंदा और बदबूदार है. चारों तरफ कागज बिखरे पड़े है. ट्रेन का रखरखाव दयनीय है.” इसके बाद रेलवे बोर्ड के साथ समस्तीपुर रेलमंडल एक्शन में आ गया. डीआरएम विनय श्रीवास्तव ने जयनगर कोचिंग डिपो के चार सेक्शन इंजीनियर पर कार्रवाई का आदेश देने के साथ ही दो सेक्शन इंजीनियर को निलंबित करते हुए पेनाल्टी के साथ मेजर चार्जशीट दी गई है. जांच में सीनियर डीएमई के साथ जयनगर कोचिंग डिपो के अधिकारियों की लापरवाही बरतने की बात सामने आई है. इसको लेकर डीआरएम ने इन लोगों को तलब किया है. मंडल की ओर से कार्रवाई की जद में आने वाले सेक्शन इंजीनियर आशुतोष कुमार, राहुल राय, जेई कुणाल कुमार सहित अन्य इंजीनियर शामिल हैं.
सफाई व्यवस्था की निगरानी
समस्तीपुर के डीआरएम विनय श्रीवास्तव ने इस घटना के सामने आने के बाद रोटेशन में स्पेशल टीम को साफ सफाई व्यवस्था की निगरानी करने के लिए लगाया है.बता दें कि प्रकाश सिंह बीएसएफ के डीजी, डीजीपी यूपी और डीजीपी असम रह चुके हैं और पद्मश्री से सम्मानित हैं. पूर्व पुलिस अधिकारी आंतरिक सुरक्षा, पुलिस सुधार, सामाजिक और पर्यावरणीय जैसों मुद्दों पर मुखर रहते हैं.