मिर्जापुर जिले में पुलिस विभाग की तबादला व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। जानकारी के अनुसार करीब एक वर्ष पूर्व स्थानांतरित किए गए दर्जनभर सिपाही और मुख्य आरक्षी (दीवान) अभी तक अपने नए तैनाती स्थलों पर कार्यभार ग्रहण नहीं कर सके हैं। हैरानी की बात यह है कि संबंधित पुलिसकर्मी अब भी पुराने थानों और चौकियों पर जिम्मेदारियां निभा रहे हैं।
कई पुलिसकर्मियों पर लगा आरोप
सूत्रों के मुताबिक जिले के विभिन्न थानों में तैनात कई पुलिसकर्मियों का लंबे समय पहले स्थानांतरण किया गया था, लेकिन उन्हें अब तक रिलीव नहीं किया गया। इसके चलते विभागीय आदेशों के पालन और तबादला नीति की प्रभावशीलता को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
बताया जा रहा है कि अदलहाट थाने में तैनात नवीन पटेल तथा पंडरी क्षेत्र में तैनात अखिलेश सिंह यादव सहित कई पुलिसकर्मी स्थानांतरण आदेश जारी होने के बाद भी पूर्व तैनाती स्थल पर ही कार्य कर रहे हैं। इसी तरह चुनार क्षेत्र में विमलेश सिंह समेत कई अन्य पुलिसकर्मियों को भी अब तक कार्यमुक्त नहीं किया गया है।
विभागीय सूत्रों का कहना है कि कुछ थानों में स्टाफ की कमी और प्रशासनिक जरूरतों का हवाला देकर संबंधित कर्मियों को रोका गया है। हालांकि, एक वर्ष से अधिक समय तक स्थानांतरण आदेशों का अनुपालन न होना कई सवाल खड़े कर रहा है। पुलिस महकमे में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।
अफसरों पर टिकीं नजरें
जानकारों का मानना है कि यदि समय रहते तबादला आदेशों का पालन नहीं कराया गया तो इससे विभागीय अनुशासन और पारदर्शिता प्रभावित हो सकती है। अब निगाहें पुलिस अधिकारियों पर टिकी हैं कि वे इस मामले में क्या कदम उठाते हैं और लंबे समय से लंबित तबादलों को कब तक अमल में लाया जाता है।