लखनऊ में मदर्स डे के मौके पर एक महिला सिपाही की कहानी लोगों को भावुक भी कर रही है और प्रेरित भी। रोहिणी उन महिलाओं में शामिल हैं, जो नौकरी और परिवार के बीच शानदार संतुलन बनाकर हर दिन नई मिसाल पेश कर रही हैं।
लखनऊ में हैं तैनात
रोहिणी उत्तर प्रदेश पुलिस में कांस्टेबल हैं और इन दिनों हजरतगंज के पिंक बूथ पर तैनात हैं। लेकिन उनकी असली ड्यूटी सिर्फ सड़क या थाने तक सीमित नहीं है। एक छोटे बच्चे की मां होने के नाते उनकी सुबह घर की जिम्मेदारियों से शुरू होती है। बच्चे की देखभाल, खाना बनाना, टिफिन तैयार करना और घर संभालने के बाद ही वह पुलिस की वर्दी पहनकर ड्यूटी के लिए निकलती हैं।
उनके पति प्रयागराज में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, इसलिए बच्चे और घर की पूरी जिम्मेदारी फिलहाल रोहिणी अकेले निभा रही हैं। इसके बावजूद उन्होंने कभी अपनी ड्यूटी को बोझ नहीं बनने दिया।
हजरतगंज थाने में तैनात विक्रम सिंह भी उनकी मेहनत की सराहना करते हैं। उनका कहना है कि रोहिणी जिस समर्पण के साथ अपनी नौकरी और मां होने की भूमिका निभा रही हैं, वह बाकी लोगों के लिए प्रेरणा है।
महिला सिपाही को है सलाम
मदर्स डे पर रोहिणी की कहानी उन तमाम महिलाओं को सलाम करती है, जो हर दिन अपने सपनों, जिम्मेदारियों और परिवार के बीच संतुलन बनाकर आगे बढ़ रही हैं। यह सिर्फ एक महिला सिपाही की कहानी नहीं, बल्कि उस हर मां की तस्वीर है जो अपने बच्चों के भविष्य के साथ-साथ समाज की जिम्मेदारियां भी निभा रही है।