मुजफ्फरनगर में पुलिस और बदमाश के बीच हुई मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी सतपाल उर्फ सत्तू मारा गया, जबकि कार्रवाई के दौरान एक पुलिसकर्मी भी घायल हो गया। पुलिस के अनुसार सत्तू लंबे समय से कई गंभीर मामलों में वांछित था और हाल ही में एक किशोरी के अपहरण मामले में उसकी तलाश की जा रही थी।
जांच में सामने आया ये
जांच में सामने आया कि सत्तू खुद को फौजी बताकर नौकरी दिलाने का झांसा देता था। वह जरूरतमंद परिवारों से संपर्क कर किशोरियों को अपने जाल में फंसाता और उन्हें नौकरी या इंटरव्यू के बहाने साथ ले जाता था। पश्चिमी उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में उसके खिलाफ अपहरण, दुष्कर्म, हत्या, रंगदारी और अन्य गंभीर अपराधों के मामले दर्ज बताए जाते हैं।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी अपनी पहचान छिपाने के लिए फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल करता था और वारदात के बाद मुख्य सड़कों की बजाय जंगल के रास्तों से फरार हो जाता था। हाल ही में वह पुलिस हिरासत से फरार होने के बाद लगातार ठिकाने बदल रहा था।
अपराध की दुनिया में हुए सक्रिय
सत्तू का आपराधिक इतिहास काफी लंबा रहा है। वह कभी स्थानीय राजनीति और क्रिकेट से भी जुड़ा रहा, लेकिन बाद में अपराध की दुनिया में सक्रिय हो गया। उसके विभिन्न राज्यों के अपराधियों से संबंध होने की भी जानकारी सामने आई है।
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने आरोपी के कब्जे से कुछ सामान और दस्तावेज बरामद किए हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। घटना के बाद क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।