विधानसभा में सीएम योगी बोले: IPS अफसर को इसलिए दी शिक्षा आयोग की जिम्मेदारी, ताकि शिक्षा माफिया पर चले बुलडोजर

Share This

 

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार को लेकर बड़ा बयान दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस तरह यूपी पुलिस ने माफिया की कमर तोड़ी है, उसी तरह अब शिक्षा माफिया पर भी कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इसी उद्देश्य से शिक्षा सेवा चयन आयोग में यूपी पुलिस के रिटायर्ड डीजीपी को नियुक्त किया गया है, ताकि शिक्षा व्यवस्था को माफिया और भ्रष्टाचार से मुक्त किया जा सके।

सीएम ये कहा ये

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सदन में कहा कि सरकार शिक्षा के क्षेत्र में किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करेगी। उन्होंने बताया कि पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार ने अपने कार्यकाल के दौरान अपराध और माफिया के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की थी और अब उनसे शिक्षा व्यवस्था में भी उसी दृढ़ता और पारदर्शिता की अपेक्षा है।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री के विश्वस्त अधिकारियों में शामिल रहे पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार को उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। उनका कार्यकाल कार्यभार संभालने की तिथि से तीन वर्ष का होगा। योगी सरकार ने उच्च शिक्षा सेवा चयन आयोग और माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन आयोग का विलय कर एकीकृत आयोग का गठन किया है, जिसकी जिम्मेदारी प्रशांत कुमार को सौंपी गई है। उन्होंने कार्यभार ग्रहण भी कर लिया है।

दिया स्पष्ट संदेश

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आज के बयान से यह स्पष्ट है कि प्रदेश सरकार अब शिक्षा व्यवस्था में फैले माफियागिरी, भ्रष्टाचार और अनियमितताओं पर उसी सख्ती से कार्रवाई करने के मूड में है, जैसी कार्रवाई कानून व्यवस्था के मोर्चे पर की गई थी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *