चंदौली में 24 घंटे के भीतर तीन हत्याओं से दहशत फैलाने वाले आरोपी गुरप्रीत सिंह को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया। पुलिस के अनुसार, आरोपी को घटनास्थलों पर जांच प्रक्रिया के तहत ले जाया गया था, जहां उसने अचानक पुलिस टीम पर हमला कर भागने की कोशिश की। जवाबी फायरिंग में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
ये था मामला
गुरप्रीत पर आरोप है कि उसने ट्रेन में सफर कर रहे दो लोगों की गोली मारकर हत्या की थी। इसके बाद उसने अस्पताल में घुसकर एक महिला को भी निशाना बनाया। लगातार हुई इन तीन हत्याओं से इलाके में सनसनी फैल गई थी। मुठभेड़ के दौरान पुलिस के दो जवान भी जख्मी हुए, जिनमें एक चौकी प्रभारी शामिल हैं।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी मूल रूप से पंजाब के अमृतसर का निवासी था और पूर्व में सेना में रह चुका था। नौकरी छोड़ने के बाद वह अलग-अलग शहरों में घूम रहा था और अपनी पहचान बदलकर लोगों को गुमराह कर रहा था। अस्पताल में भी उसने फर्जी नाम और पता दर्ज कराया था।
भागने की कोशिश में हुआ ढेर
सूत्रों के मुताबिक, आरोपी कुछ दिन पहले बिहार के आरा से मुगलसराय पहुंचा था। वारदातों के बाद ग्रामीणों ने उसे पकड़ लिया था, जिसके बाद पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। देर रात घटनाक्रम को समझने के लिए उसे मौके पर ले जाया गया, जहां भागने की कोशिश उसकी आखिरी साबित हुई।