बदायूं में एक वायरल वीडियो ने पुलिस विभाग की छवि पर सवाल खड़ा कर दिया है। सोशल मीडिया पर सामने आए फुटेज में कोतवाली बिसौली के प्रभारी निरीक्षक और उनके साथी पुलिसकर्मियों का कथित अभद्र व्यवहार दिख रहा है। वीडियो में इंस्पेक्टर राजेंद्र पुंडीर एक व्यक्ति को धमका रहे हैं, अपशब्द कह रहे हैं और थाने से बाहर निकालते हुए नजर आ रहे हैं। इस घटना ने लोगों में गुस्सा और सवाल पैदा कर दिया है कि क्या पुलिस अपने दायित्व और कर्तव्यों को सही तरीके से निभा रही है।
एसएसपी ने की कार्रवाई
वायरल वीडियो के बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने तुरंत कदम उठाते हुए इंस्पेक्टर राजेंद्र सिंह पुंडीर और दरोगा भूपेंद्र यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। एसएसपी अंकिता शर्मा ने पूरे मामले की जांच डिप्टी एसपी बिसौली संजीव कुमार को सौंपी है। जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा कि वीडियो में दिखाए गए आरोपों की सच्चाई क्या है।
पीड़ित मोरपाल ने बताया कि वह अपने भतीजे के एक्सीडेंट मामले में कार्रवाई की उम्मीद लेकर थाने पहुंचे थे। लेकिन उन्हें भरोसा देने के बावजूद न तो उनकी शिकायत दर्ज की गई और न ही उनकी बात सुनी गई। उल्टा, पुलिसकर्मियों ने उन्हें अपशब्द कहकर और धक्का देकर थाने से बाहर निकाल दिया।
दिया साफ संदेश
एसएसपी अंकिता शर्मा की त्वरित कार्रवाई ने साफ संदेश दिया है कि पुलिस विभाग किसी भी तरह के दुर्व्यवहार या गलत व्यवहार को बर्दाश्त नहीं करेगा। निलंबन का यह कदम जनता के बीच पुलिस की विश्वसनीयता बनाए रखने और कानून के प्रति जवाबदेही दिखाने के उद्देश्य से उठाया गया है। अब पूरी जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई तय होगी।