कानपुर पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती को लेकर उठे विवाद ने विभाग के भीतर हलचल बढ़ा दी है। साइबर थाने में नियुक्त एक वरिष्ठ इंस्पेक्टर ने अपने से कनिष्ठ अधिकारी के नेतृत्व में काम करने पर असहमति जताते हुए पद से इस्तीफा दे दिया। वहीं, इसी मुद्दे पर एक अन्य इंस्पेक्टर ने भी विभागीय अधिकारियों को पत्र लिखकर अपनी तैनाती बदलने की मांग की है।
ये है मामला
सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में हुई तैनातियों के बाद कुछ अधिकारियों ने वरिष्ठता के आधार पर आपत्ति दर्ज कराई है। इस्तीफा देने वाले इंस्पेक्टर का कहना है कि पुलिस विभाग में सेवा अवधि और अनुभव का विशेष महत्व होता है। ऐसे में उनसे कम वरिष्ठ अधिकारी के अधीन कार्य करना उनके लिए उचित नहीं है। उन्होंने इस संबंध में पहले भी अधिकारियों के समक्ष अपनी बात रखी थी, लेकिन कोई समाधान नहीं निकलने पर उन्होंने नौकरी छोड़ने का निर्णय लिया।
दूसरी ओर, साइबर थाने में तैनात एक और इंस्पेक्टर ने अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर किसी अन्य शाखा में भेजने का अनुरोध किया है। उनका कहना है कि वर्तमान व्यवस्था में कार्य करना उनके लिए सहज नहीं है और उन्हें ऐसी जगह तैनात किया जाए, जहां वरिष्ठता के अनुरूप जिम्मेदारियां निर्धारित हों।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद पुलिस विभाग में पोस्टिंग और जिम्मेदारियों के बंटवारे को लेकर चर्चा तेज हो गई है। कई पुलिसकर्मियों का मानना है कि तैनाती के दौरान अनुभव और वरिष्ठता को पर्याप्त महत्व मिलना चाहिए, ताकि प्रशासनिक व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित हो सके।
अफसरों ने नहीं दिया कोई जवाब
हालांकि, विभाग के उच्च अधिकारियों ने अभी तक इस मामले पर सार्वजनिक रूप से कोई टिप्पणी नहीं की है। लेकिन एक वरिष्ठ इंस्पेक्टर के इस्तीफे और दूसरे अधिकारी की तैनाती बदलने की मांग ने पुलिस महकमे में वरिष्ठता बनाम पदस्थापन के मुद्दे को फिर चर्चा में ला दिया है।