गाजियाबाद के खोड़ा क्षेत्र में अपराध पर लगाम कसने के लिए चलाया जा रहा ‘ऑपरेशन क्लीन स्वीप’अब बड़े स्तर पर असर दिखाने लगा है। पुलिस ने अभियान के तहत 1600 से अधिक अपराधियों और संदिग्ध व्यक्तियों को चिन्हित किया है, जिनमें कई हिस्ट्रीशीटर, आदतन अपराधी और वांछित आरोपी शामिल हैं। इनकी गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है।
लंबे समय से रही चुनौती
खोड़ा की भौगोलिक स्थिति पुलिस के लिए लंबे समय से चुनौती रही है। दिल्ली और नोएडा से सटी सीमाओं तथा घनी आबादी के कारण यह क्षेत्र कई बार अपराधियों के लिए सुरक्षित ठिकाना बन जाता है। इसी को देखते हुए पुलिस ने विशेष रणनीति के तहत ऑपरेशन क्लीन स्वीप शुरू किया है। अभियान के दौरान पुलिस टीमें गली-गली पहुंचकर सत्यापन अभियान चला रही हैं, जबकि ड्रोन कैमरों और डॉग स्क्वायड की मदद से संवेदनशील इलाकों की निगरानी की जा रही है।
हाल ही में हुए सूर्य प्रताप हत्याकांड के बाद पुलिस की सक्रियता और बढ़ गई है। मुख्य आरोपी असद पुलिस मुठभेड़ में मारा जा चुका है, जबकि मामले के अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। इसके बाद से अपराधियों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है।
स्थानीय लोगों ने कहा ये
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस अभियान से क्षेत्र में सुरक्षा का माहौल मजबूत हुआ है। व्यापारियों और निवासियों का मानना है कि हिस्ट्रीशीटर और अपराधी तत्वों के खिलाफ लगातार कार्रवाई से अपराध पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा। लोगों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि ऑपरेशन क्लीन स्वीप को नियमित अभियान के रूप में जारी रखा जाए, ताकि खोड़ा को अपराध मुक्त और सुरक्षित क्षेत्र बनाया जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि चिन्हित अपराधियों की निगरानी जारी है और कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ आगे भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।