लखनऊ में साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण और पीड़ितों को त्वरित सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (DGP) राजीव कृष्णा ने सोमवार को कल्ली पश्चिम स्थित पुलिस लाइन में 1930 Standalone 2.0 और साइबर धोखाधड़ी शमन केंद्र (CFMC) के विस्तारित स्वरूप का शुभारंभ किया। इस पहल का उद्देश्य साइबर ठगी के मामलों में तेजी से कार्रवाई कर लोगों की मेहनत की कमाई को सुरक्षित रखना है।
डीजीपी ने कहा ये
इस अवसर पर डीजीपी राजीव कृष्णा ने कहा कि साइबर अपराध के मामलों में “गोल्डन आवर” ही नहीं, बल्कि एक-एक मिनट बेहद महत्वपूर्ण होता है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि यदि उनके साथ किसी प्रकार की साइबर ठगी होती है तो वे बिना समय गंवाए तुरंत 1930 हेल्पलाइन नंबर पर सूचना दें। समय पर शिकायत मिलने पर पुलिस संबंधित बैंक और वित्तीय संस्थानों से संपर्क कर ठगी गई रकम को फ्रीज कराने की कार्रवाई शुरू कर सकती है, जिससे पीड़ित की धनराशि बचाई जा सके।
डीजीपी ने बताया कि लगभग 10 महीने पहले साइबर मुख्यालय में 30-सीटर साइबर कॉल सेंटर और सीएफएमसी की प्रारंभिक इकाई स्थापित की गई थी। अब उसी व्यवस्था को और मजबूत करते हुए अतिरिक्त 30-सीटर साइबर कॉल सेंटर शुरू किया गया है। इसके साथ ही साइबर फ्रॉड मैनेजमेंट सेंटर (CFMC) का भी पूर्ण विकसित स्वरूप तैयार किया गया है, जिससे शिकायतों के निस्तारण में तेजी आएगी।
उन्होंने कहा कि इस नई व्यवस्था के लागू होने से साइबर ठगी की शिकायत दर्ज कराने के लिए लोगों को थाने के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पीड़ित सीधे 1930 हेल्पलाइन पर कॉल कर अपनी शिकायत दर्ज करा सकेंगे और तत्काल सहायता प्राप्त कर सकेंगे। इससे शिकायत प्रक्रिया अधिक आसान और प्रभावी बनेगी।
किया गया विस्तार
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और विभिन्न बैंकों के सहयोग से सीएफएमसी यूनिट का विस्तार किया गया है। इससे साइबर अपराधियों द्वारा ठगी गई रकम को जल्दी ट्रैक करने और खातों को फ्रीज करने में मदद मिलेगी। साथ ही साइबर अपराधियों के आर्थिक नेटवर्क पर भी प्रभावी अंकुश लगाया जा सकेगा।
कार्यक्रम में डीजी साइबर क्राइम बीके सिंह, भारतीय रिजर्व बैंक के क्षेत्रीय निदेशक पंकज कुमार समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने उम्मीद जताई कि 1930 Standalone 2.0 और विस्तारित सीएफएमसी के जरिए प्रदेश में साइबर अपराधों के खिलाफ कार्रवाई और अधिक तेज एवं प्रभावी होगी।