उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में इन दिनों शीर्ष स्तर पर बड़े प्रशासनिक बदलाव की स्थिति बनती दिखाई दे रही है। कई वरिष्ठ अधिकारियों के रिटायरमेंट, प्रमोशन और लंबे समय से खाली पड़े अहम पदों के चलते नेतृत्व व्यवस्था में असंतुलन नजर आ रहा है। ऐसे में विभाग के भीतर जल्द व्यापक स्तर पर तबादलों और नई तैनातियों की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना जताई जा रही है।
मुख्य पद हुए हैं खाली
हाल ही में डीजी स्तर की वरिष्ठ अधिकारी नीरा रावत के सेवानिवृत्त होने से एक महत्वपूर्ण पद खाली हो गया है। वह डीजी ईओडब्ल्यू और 112 जैसी महत्वपूर्ण इकाइयों की जिम्मेदारी संभाल रही थीं। उनके रिटायरमेंट के बाद इन विभागों के संचालन को लेकर नई नियुक्ति का इंतजार बढ़ गया है। वहीं, कानपुर जोन के एडीजी रहे आलोक सिंह को डीजी पद पर पदोन्नत कर दिया गया है, लेकिन उनकी नई तैनाती अभी तय नहीं हुई है।
प्रदेश में पहले से ही कई डीजी स्तर के पद खाली चल रहे हैं। डीजी होमगार्ड का पद एम के बशाल के रिटायरमेंट के बाद से रिक्त है, जबकि डीजी इंटेलिजेंस की कुर्सी डीएस चौहान के सेवानिवृत्त होने के बाद खाली पड़ी है। इसके अलावा रेणुका मिश्रा लंबे समय से पुलिस मुख्यालय से संबद्ध हैं, जिससे कई जिम्मेदारियों का अस्थायी प्रबंधन किया जा रहा है।
मार्च में डीजी पद पर प्रमोट हुए प्रकाश डी, जय नारायण सिंह और एलवी एंटनी देव कुमार अब भी अपने पुराने पदों पर कार्यरत हैं। इससे स्पष्ट है कि नई तैनाती प्रक्रिया में देरी हो रही है। खास बात यह है कि एलवी एंटनी देव कुमार इसी महीने रिटायर भी होने वाले हैं, जिससे रिक्त पदों की संख्या और बढ़ सकती है।
जल्द देखने को मिलेगा फेरबदल
सूत्रों के मुताबिक, मई के पहले सप्ताह में इन सभी खाली पदों को भरने की प्रक्रिया शुरू हो सकती है। माना जा रहा है कि होमगार्ड और ईओडब्ल्यू जैसे अहम विभागों में जल्द नई नियुक्तियां की जाएंगी। कुल मिलाकर, यूपी पुलिस में जल्द बड़ा प्रशासनिक फेरबदल देखने को मिल सकता है।