अलीगढ़ जिले के चंडौस थाने में तैनात दरोगा विनेश वर्मा पर महिला सिपाही ने आपत्तिजनक संदेश भेजने का आरोप लगाया है। मामला उस समय सामने आया जब महिला सिपाही ने एसएसपी के पास शिकायत दर्ज कराई कि दरोगा ने उसे कई आपत्तिजनक संदेश भेजे, जबकि उसने इन संदेशों का विरोध किया था। एसएसपी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की और जांच के बाद विनेश वर्मा को निलंबित कर दिया।
ये है मामला
विनेश वर्मा की तैनाती फिलहाल चंडौस थाने में थी, लेकिन इससे पहले वह क्वार्सी थाने में तैनात थे। यही वह समय था जब उसकी महिला सिपाही से पहचान हुई और दोनों ने एक-दूसरे का मोबाइल नंबर ले लिया। इसके बाद, महिला सिपाही के अनुसार, दरोगा लगातार उसे आपत्तिजनक संदेश भेजता रहा। यह मामला एसएसपी तक पहुंचने के बाद, जांच में पाया गया कि आरोप सही हैं, जिसके बाद विनेश वर्मा को निलंबित किया गया है।
विनेश इन दिनों छुट्टी पर हैं और उनकी इसी माह 21 फरवरी को शादी होने वाली है, जिससे उनके परिवार में हड़कंप मच गया है। हालांकि, दरोगा ने इन आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि उसने जो संदेश भेजे थे, उनमें आपत्तिजनक कुछ भी नहीं था। उनका कहना था कि वह शादी की तैयारियों में व्यस्त थे, इस कारण जांच में अपना पक्ष नहीं रख पाए।
यह पहली बार नहीं है जब दरोगा विनेश पर आरोप लगे हैं। 2023 में, जब वह चंडौस में तैनात थे, तब उन पर रिपोर्ट दर्ज न करने के नाम पर पांच हजार रुपये लेने का आरोप भी लगा था, हालांकि उस वक्त जांच में आरोपों की पुष्टि नहीं हुई थी।
महिला सुरक्षा पर उठ रहे सवाल
इस मामले ने यूपी पुलिस के भीतर महिला सुरक्षा अभियान पर सवाल उठाए हैं, क्योंकि जहां एक ओर पुलिस महिला सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए अभियान चला रही है, वहीं ऐसे आरोप पुलिस के कुछ जवानों पर उनकी पेशेवर छवि पर कड़ा सवाल खड़ा कर रहे हैं। अब इस मामले में विभागीय जांच जारी है, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।