उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार गुरुवार को अपने परिवार सहित वृंदावन स्थित संत प्रेमानंद महाराज के आश्रम पहुंचे। उन्होंने वहां गुरुजी का आशीर्वाद प्राप्त किया। संत प्रेमानंद ने प्रशांत कुमार से कहा कि उन्होंने अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन किया है और अब नियमित रूप से राधा-राधा का जप करते रहना चाहिए।
प्रेमानंद महाराज ने की डीजीपी की तारीफ
31 मई 2025 को सेवानिवृत्त हुए प्रशांत कुमार अपनी पत्नी और परिवार के साथ केली कुंज आश्रम में संत प्रेमानंद से मिले। महाराज ने उनके योगदान की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस जीवन में मानव शरीर मिलना और प्रदेश की सेवा का अवसर पाना बहुत बड़ी बात है।
उन्होंने आगे समझाया कि अगले जन्म में अच्छे कर्म करना आवश्यक है, क्योंकि मनुष्य का जन्म कई लाखों योनियों के बाद ही मिलता है। भगवान की याद दिलाना जीवन का आधार है।
डीजीपी की पत्नी ने कहा ये
पूर्व डीजीपी की पत्नी, आईएएस अधिकारी डिंपल वर्मा ने परिवार की चिंता जाहिर की, जिस पर संत प्रेमानंद ने कहा कि परिवार की सेवा करना भी भगवान की सेवा के समान है। उनका हृदय सबके लिए खुला है और वे सभी के सुख-समृद्धि की कामना करते हैं।
भगवान के स्मरण से ही विपत्तियों का अंत होता है और मनोकामनाएं पूरी होती हैं। उन्होंने बताया कि जब तक जीव ईश्वर से नहीं मिल पाता, उसका जन्म-मरण का चक्र चलता रहता है। इस जन्म में परिवार के साथ रहना एक दिव्य उपहार है।