नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन के बीच प्रदर्शनकारियों की मदद कर रहे वॉलंटियर मोहम्मद जुनैद ने उत्तर प्रदेश पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। जुनैद का कहना है कि पुलिस ने उनके घर पहुंचकर परिवार के सदस्यों के साथ कार्रवाई की, जबकि उनका किसी आपराधिक मामले से कोई संबंध नहीं है।
ये है मामला
जुनैद के मुताबिक, पुलिस उनके पिता को पूछताछ के लिए अपने साथ ले गई। उन्होंने यह भी दावा किया कि मेरठ में रहने वाली उनकी बहन के ससुर और देवर को भी हिरासत में लिया गया। उनका आरोप है कि घर से आधार कार्ड, बैंक पासबुक समेत कुछ जरूरी दस्तावेज भी पुलिस अपने साथ ले गई। जुनैद ने कहा कि उन्हें संदेश दिया गया कि यदि वह सामने आ जाते हैं तो परिवार के लोगों को छोड़ दिया जाएगा। उनका कहना है कि वह केवल प्रदर्शन में शामिल लोगों के लिए भोजन और पीने के पानी की व्यवस्था कर रहे हैं।
इन आरोपों के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने भी सरकार और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। पार्टी ने कहा कि उनके वॉलंटियर को बेवजह निशाना बनाया जा रहा है, जबकि वह केवल राहत कार्य में जुटे हैं। सीजेपी का कहना है कि उनकी कानूनी टीम पूरे मामले पर नजर रखे हुए है और यदि किसी तरह की गैरकानूनी कार्रवाई हुई है तो अदालत का दरवाजा खटखटाया जाएगा।
लगातार मदद कर रहे जुनैद
जानकारी के अनुसार, जंतर-मंतर पर 20 जून से जारी प्रदर्शन के दौरान मोहम्मद जुनैद लगातार प्रदर्शनकारियों के लिए भोजन और पानी की व्यवस्था कर रहे हैं। इस बीच छात्र नेता दानिश अली ने भी सोशल मीडिया के जरिए आरोप लगाया कि पुलिस ने जुनैद और उनके परिवार पर दबाव बनाने की कोशिश की है। हालांकि, इन सभी आरोपों पर उत्तर प्रदेश पुलिस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। ऐसे में पुलिस का पक्ष सामने आना बाकी है।