जालौन की उरई कोतवाली में तैनात एक सिपाही और महिला सिपाही से जुड़ा वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। कार्यालय के भीतर रिकॉर्ड हुए इस वीडियो के सामने आने के बाद पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह ने सिपाही अरविंद कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। वहीं, मामले में महिला सिपाही की भूमिका की विभागीय जांच कराने के आदेश दिए गए हैं।
ये है मामला
बताया जा रहा है कि वीडियो कोतवाली के कंट्रोल रूम का है, जहां ड्यूटी के दौरान दोनों पुलिसकर्मी मौजूद थे। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचा। इसके बाद पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू की गई। प्रारंभिक स्तर पर मामले को अनुशासनहीनता से जोड़ते हुए विभाग ने कार्रवाई की है।
पुलिस अधिकारियों का मानना है कि ड्यूटी के दौरान पुलिसकर्मियों से एक निश्चित आचरण और अनुशासन की अपेक्षा की जाती है। ऐसे में कार्यालय परिसर के भीतर हुई इस घटना को विभाग ने गंभीरता से लिया है। इसी के चलते सिपाही अरविंद कुमार को निलंबित कर दिया गया, जबकि महिला सिपाही के संबंध में तथ्यों की जांच के लिए विभागीय प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
एसपी ने कहा ये
एसपी विनय कुमार सिंह ने स्पष्ट किया है कि पुलिस विभाग में अनुशासन सर्वोच्च प्राथमिकता है। ड्यूटी के दौरान किसी भी प्रकार की अनुशासनहीनता स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि महिला सिपाही की भूमिका की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
फिलहाल, विभागीय जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की सभी पहलुओं से समीक्षा की जाएगी, ताकि तथ्यों के आधार पर उचित निर्णय लिया जा सके।