प्रयागराज में आयोजित माघ मेला 2026 के अंतर्गत महाशिवरात्रि का पावन पर्व इस वर्ष पूरी तरह शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बावजूद कहीं से भी किसी बड़ी अव्यवस्था या दुर्घटना की सूचना नहीं मिली। इसका श्रेय व्यापक और बहुस्तरीय सुरक्षा प्रबंधन को जाता है, जिसे मेला प्रशासन और पुलिस विभाग ने मिलकर लागू किया था।
हर विभाग रहा मुस्तैद
महाशिवरात्रि के अवसर पर नागरिक पुलिस, यातायात पुलिस, महिला पुलिस, पीएसी, घुड़सवार पुलिस तथा अर्धसैनिक बलों के हजारों जवान विभिन्न सेक्टरों में तैनात रहे। संगम क्षेत्र में जल पुलिस, मोटर बोट और गोताखोर लगातार गश्त करते रहे, जिससे स्नान के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। एसपी मेला नीरज कुमार पांडेय के अनुसार पर्व पर लगभग आठ से नौ हजार पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी।
पूरे मेला क्षेत्र में सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों और केंद्रीय कंट्रोल टावर के माध्यम से 24 घंटे निगरानी की गई। पब्लिक एड्रेस सिस्टम से श्रद्धालुओं को सतर्क रहने और निर्धारित मार्गों का पालन करने की अपील की जाती रही। यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए पार्किंग स्थलों का समुचित प्रबंधन किया गया, जिससे प्रमुख मार्गों पर जाम की स्थिति नहीं बनी।
चलाया गया था अभियान
सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सत्यापन, चक्रव्यूह, कवच और संगम बाजार सहित 13 विशेष अभियान चलाए गए। 17 अस्थायी थाने, फायर स्टेशन, महिला व साइबर हेल्प डेस्क भी सक्रिय रहे।
पुलिस और प्रशासन की सतर्कता व समन्वय के चलते महाशिवरात्रि का पर्व श्रद्धा, सुरक्षा और शांति के साथ सकुशल संपन्न हुआ।