केंद्र सरकार ने उत्तर प्रदेश कैडर के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी शलभ माथुर को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) में बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। गृह मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार, वर्ष 2006 बैच के आईपीएस अधिकारी शलभ माथुर को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर सीआरपीएफ में महानिरीक्षक (आईजी) नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति पे मैट्रिक्स के लेवल-14 के तहत की गई है और मौजूदा रिक्त पद के विरुद्ध उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई है।
आज ही जारी हुआ आदेश
यह आदेश गृह मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से 13 जनवरी 2026 को जारी किया गया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी के बाद शलभ माथुर को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के सामान्य नियम और शर्तों के तहत सीआरपीएफ में आईजी के पद पर नियुक्त किया गया है। इसके साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार से अनुरोध किया गया है कि शलभ माथुर को तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त किया जाए, ताकि वे केंद्र में अपनी नई जिम्मेदारी संभाल सकें।
गृह मंत्रालय ने इस संबंध में उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव को औपचारिक सूचना भेजी है। साथ ही सीआरपीएफ के महानिदेशक, उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक और अन्य संबंधित अधिकारियों को भी इस नियुक्ति की जानकारी दी गई है। आदेश में यह भी कहा गया है कि अधिकारी के पदभार ग्रहण करने की तिथि की सूचना मंत्रालय को दी जाए।
कौन हैं शलभ माथुर
बता दें कि आईपीएस अधिकारी शलभ माथुर को करीब एक वर्ष पहले पुलिस मुख्यालय में पुलिस महानिरीक्षक स्थापना के पद पर तैनाती मिली थी। हाल ही में उनको केंद्र सरकार की सेवा में जाने के लिए मुख्यमंत्री कार्यालय से अनापत्ति प्रमाण पत्र मिला था। जिसके बाद अब इस तैनाती का आदेश जारी हुआ है।
शलभ माथुर उत्तर प्रदेश पुलिस में विभिन्न अहम पदों पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं और उन्हें एक अनुभवी व सक्षम अधिकारी माना जाता है। उनकी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति को सुरक्षा बलों के संचालन और प्रशासनिक व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
सीआरपीएफ देश का सबसे बड़ा अर्धसैनिक बल है और आंतरिक सुरक्षा, नक्सल विरोधी अभियान तथा संवेदनशील क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ऐसे में शलभ माथुर की नियुक्ति से बल को उनके अनुभव का लाभ मिलने की उम्मीद की जा रही है।