लखनऊ। मड़ियांव इलाके में रक्षाबंधन के दिन एक ट्रैफिक सिपाही ने बहादुरी की मिसाल पेश की। बच्चों के साथ मायके जा रही महिला से मंगलसूत्र छीनकर भाग रहे बदमाश को सिपाही नवीन चौधरी ने दौड़ाकर पकड़ लिया। आरोपी ने खुद को छुड़ाने के लिए सिपाही के चेहरे पर ईंट से हमला किया। नाक से खून निकलने के बावजूद नवीन ने बदमाश को नहीं छोड़ा। बाद में पुलिस टीम ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
ये है मामला
चिनहट की रहने वाली रूबी कश्यप अपने बेटों आदित्य और अखिलेश के साथ मायके जाने के लिए निकली थीं। मड़ियांव के चंद्राढाल पर बस का इंतजार करते समय एक युवक वहां पहुंचा। उसने रूबी को थप्पड़ मारा और उनके गले से सोने का मंगलसूत्र खींचकर भागने लगा।
महिला की चीख सुनकर पास में ट्रैफिक ड्यूटी कर रहे आरक्षी नवीन चौधरी तुरंत बदमाश के पीछे दौड़े। कुछ दूरी पर उन्होंने आरोपी को दबोच लिया। गिरफ्त से बचने के लिए बदमाश ने पास पड़ी ईंट उठाकर नवीन के चेहरे और नाक पर कई वार कर दिए। सिपाही गंभीर रूप से घायल हो गए, लेकिन उन्होंने आरोपी को पकड़े रखा।
इस बीच ट्रैफिक एसआई उपेंद्र कुमार सिंह समेत अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। घायल नवीन को हिम सिटी हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनकी नाक पर दो टांके लगाए।
पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान 23 वर्षीय धर्मेंद्र कुमार मौर्या के रूप में हुई है। वह लखीमपुर खीरी का रहने वाला है। उसके पास से महिला के मंगलसूत्र की टूटी हुई माला बरामद की गई। मड़ियांव पुलिस ने BNS की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
सिपाही को बाँधी राखी
इलाज के बाद थाने पहुंचे नवीन को रूबी ने राखी बांधकर धन्यवाद दिया। महिला ने कहा कि रक्षाबंधन के दिन सिपाही ने अपनी जान की परवाह किए बिना उसकी रक्षा की। सिपाही की बहादुरी पर पुलिस कमिश्नर ने 10 हजार रुपये नकद पुरस्कार और प्रशस्ति-पत्र देने की बात कही।