जौनपुर में एक बार फिर पुलिस की वर्दी सवालों के घेरे में आ गई है। लाइन बाजार थाना क्षेत्र स्थित एक मोबाइल शोरूम में दो सिपाहियों की कथित हरकत ने पूरे मामले को तूल दे दिया। घटना के बाद शहर में चर्चा है कि कानून की रक्षा करने वालों पर ही कानून तोड़ने का आरोप लगा है, जिससे वर्दी की साख पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं।
ये है मामला
जानकारी के मुताबिक शनिवार, 7 फरवरी की दोपहर करीब दो बजे दो पुलिसकर्मी जेसीज चौराहे के पास स्थित मोबाइल दुकान पर पहुंचे। उन्होंने वहां मौजूद महिला स्टाफ से महंगे आईफोन दिखाने को कहा और काफी देर तक अलग-अलग मॉडल देखते रहे। कुछ देर बाद वे यह कहकर दुकान से निकल गए कि उन्हें फोन पसंद नहीं आया।
सिपाहियों के जाने के बाद दुकानदार शिवम को कुछ गड़बड़ी का एहसास हुआ। स्टॉक मिलान करने पर एक आईफोन-15 मैक्स गायब मिला, जिसकी कीमत करीब 1 लाख 62 हजार रुपये बताई जा रही है। शक होने पर दुकानदार ने दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। वीडियो में साफ दिखाई दिया कि एक सिपाही ने बहाने से अपना पुराना आईफोन-13 प्रो काउंटर पर रखा और मौका देखकर नया फोन जेब में रख लिया।
वीडियो से हुई पहचान
फुटेज सामने आने के बाद दुकानदार ने वीडियो अपने व्यापारियों के व्हाट्सऐप ग्रुप में साझा किया, जिससे सिपाहियों की पहचान हो गई। इसके बाद व्यापारी सबूतों के साथ पुलिस अधिकारियों से मिले। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुकदमा दर्ज किया गया और जांच शुरू हुई। रविवार को पुलिस ने चोरी हुआ मोबाइल बरामद कर दुकानदार को वापस दिला दिया।
SP सिटी आयुष श्रीवास्तव ने बताया कि आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर दोनों सिपाहियों धनंजय बिंद और मिथिलेश यादव को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही विभागीय जांच के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं।