केंद्र सरकार ने IPS अधिकारियों के पैनल में शामिल होने की प्रक्रिया को लेकर अहम बदलाव किया है। गृह मंत्रालय द्वारा जारी नए दिशा-निर्देशों के अनुसार अब 2011 बैच और उसके बाद के IPS अधिकारियों को केंद्र में IG (इंस्पेक्टर जनरल) या समकक्ष पद पर पैनल में शामिल होने के लिए SP या DIG स्तर पर कम से कम दो वर्ष की सेंट्रल डेपुटेशन अनिवार्य होगी।
जारी हुआ पत्र
इस संबंध में गृह मंत्रालय ने सभी राज्य सरकारों के मुख्य सचिवों को पत्र जारी किया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि केंद्र सरकार में IG या समकक्ष पदों पर नियुक्ति के लिए पैनल में शामिल होने हेतु अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति का अनुभव होना जरूरी होगा। यह नियम 2011 बैच से लागू माना जाएगा।

सरकार के इस फैसले के पीछे मुख्य उद्देश्य केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों में SP और DIG स्तर पर लंबे समय से खाली पड़े पदों को भरना बताया जा रहा है। अधिकारियों की कमी के चलते कई अहम पद रिक्त हैं, जिससे प्रशासनिक कार्यों पर असर पड़ रहा है। केंद्र सरकार का मानना है कि इस नए नियम से अधिक संख्या में IPS अधिकारी केंद्र में सेवाएं देने के लिए प्रेरित होंगे।
गृह मंत्रालय ने राज्यों से यह भी कहा है कि इस नई शर्त की जानकारी अपने-अपने कैडर के सभी IPS अधिकारियों तक पहुंचाई जाए, ताकि भविष्य में पैनल प्रक्रिया के दौरान किसी प्रकार की असमंजस की स्थिति न रहे।
इसलिए उठाया जा रहा कदम
विशेषज्ञों के अनुसार यह कदम केंद्र और राज्यों के बीच प्रशासनिक संतुलन को मजबूत करेगा। हालांकि कुछ अधिकारियों का मानना है कि इससे राज्य कैडर में वरिष्ठ अधिकारियों की उपलब्धता प्रभावित हो सकती है।
फिलहाल केंद्र सरकार इस बदलाव को प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने और केंद्रीय स्तर पर अधिकारियों की कमी को दूर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मान रही है।